Nepal
काठमांडू जा रहे है तो इन जगहों पर जरूर जाए -
काठमांडू शहर नेपाल की राजधानी हैं।अगर आप सोचते हैं कि काठमांडू सिर्फ पशुपतिनाथ मंदिर तक सीमित है, तो यकीन मानिए इस शहर में देखने और महसूस करने के लिए उससे कहीं ज्यादा है..यहाँ की सबसे खास बात यह है कि यहाँ ancient और modern दोनों दुनिया एक साथ चलती हैं... एक तरफ हजारों साल पुराने मंदिर हैं, दूसरी तरफ ट्रैवेलर्स से भरी रंग बिरंगी गलियां। आज बात करते हैं कि काठमांडू में घूमने की क्या क्या जगहें हैं -
1 पशुपतिनाथ मंदिर : अधिकतर भारतीय काठमांडू केवल पशुपतिनाथ जी के दर्शन करने को आते है। पशुपतिनाथ मंदिर एयरपोर्ट के पास में ही पड़ता हैं। यहाँ गैर-हिन्दू को प्रवेश नहीं हैं।यह मंदिर एक विशाल परिसर में बना हुआ हैं जिसमें करीब 500 से ज्यादा छोटे बड़े मंदिर हैं। पूरा परिसर वर्ल्ड हेरिटेज साइट की लिस्ट में शामिल हैं। मंदिर परिसर में से ही बागमती नदी निकलती हैं और उसी के किनारे ,मुख्य मंदिर के पास शमशान भी बना हुआ हैं। मंदिर के बारे में 11 काम के पॉइंट्स आप मेरे पिछले आर्टिकल में पढ़ सकते है।
2. गुह्येश्वरी शक्तिपीठ: माता सती के 51 शक्तिपीठ भारत ,बांग्लादेश ,पाकिस्तान और नेपाल में बने हुए हैं। नेपाल में एक शक्तिपीठ ,पशुपतिनाथ मंदिर से मात्र एक डेढ़ किमी दूर ही स्थित हैं। इसमें भी गैर-हिन्दू का प्रवेश वर्जित हैं। इस जगह पर माता सती का गुदा और मलाशय गिरा था। काठमांडू गए हुए अधिकतर लोग इस जगह जाते ही नहीं ,जानकारी के अभाव में।
3. मंकी मंदिर/स्वयंभू मंदिर : यह जगह टूरिस्ट एरिया थामेल से करीब 5 किमी की दूरी पर एक पहाड़ी के ऊपर बना हुआ एक विशाल बुद्धिस्ट स्तूप हैं। यहाँ पहुंचने के लिए आपको करीब 300 से 400 सीढियाँ पैदल चढ़नी पड़ेगी। रास्ते में खूब सारे बंदर आपको मिलते हैं ,इसलिए इसे फिरंगी लोग मंकी टेम्पल बोलते हैं।एक मंकी टेम्पल राजस्थान में भी है जिसके बारे में भी आप मेरी प्रोफाइल में पढ़ सकते हैं कुछ दिन पहले ही लिखा था। जब आप पैदल चढ़कर टॉप पर पहुंचते हैं तो आपको पूरी काठमांडू घाटी का शानदार दृश्य नजर आता हैं। ऊपर कई सारे हिन्दू और बुद्धिस्ट मंदिर मिलते हैं।
4. डोलेश्वर महादेव : केदारनाथ में शंकर भगवान की पीठ की पूजा की जाती हैं और उनके सिर की पूजा काठमांडू के डोलेश्वर महादेव में होती हैं। रिसेंटली ,कुछ पुजारियों ने इसे छठा केदार माना हैं। यह एकदम ऑफबीट जगह हैं ,जहाँ काफी कम भीड़ पहुंच पाती हैं। हालाँकि यह जगह काठमांडू से ज्यादा दूर नहीं हैं। पशुपतिनाथ मंदिर से करीब 17-18 किमी दूर ही हैं।
5. सांगा शिव मूर्ति : यह जगह डोलेश्वर महादेव के पास में ही पड़ती हैं। यहाँ नेपाल की सबसे ऊँची शिव मूर्ति है... लाल रंग की यह मूर्ति 143 फ़ीट ऊँची हैं। यहाँ एक छोटा सा शिव मंदिर भी हैं ..इसे कैलाशनाथ महादेव भी कहा जाता हैं। यहाँ से कई हिमालयन चोटियां नजर आती हैं। इसका कुछ एंट्री टिकट भी लगता हैं।
6. भक्तपुर दरबार स्क्वायर : दरबार स्कवायर उस जगह को बोलते हैं जहाँ से काठमांडू वेली के राजा अपना शासन चलाते थे ,जहाँ शाही समारोह होते थे ,महा; होते थे ,इष्ट के शाही मंदिर होते थे। इन्हे अपने आप में बहुत छोटे से गाँव मान लो जहाँ आपको नेपाल की असली फीलिंग आएगी। ऐसे तीन दरबार स्क्वायर हैं नेपाल में।उनमें से मेरा सबसे फेवरेट भक्तपुर स्क्वायर ही हैं। जब हम डोलेश्वर और सांगा शिव जाते हैं तो उसी के पास में भक्तपुर जिले में यह स्क्वायर पड़ता हैं। इसे पूरा घूमने में 3 से 4 घंटे मिनिमम चाहिए। यहाँ पुराने मंदिर ,महल ,म्यूजियम ,थीम बेस्ड कैफ़े सब कुछ मिलता हैं। यहाँ नेपाल का सबसे ऊँचा pagoda temple ,पॉटरी स्ट्रीट ,55 विंडो महल ,दत्तात्रेय मंदिर दर्शनीय हैं। यहाँ दही की लस्सी काफी फेमस हैं।
7. काठमांडू दरबार स्क्वायर: यह दरबार स्क्वायर काठमांडू शहर में ही हैं ,टूरिस्ट एरिया थामेल से ज्यादा नहीं हैं।यहाँ काल भैरव की विशाल मूर्ति,तलेजू मंदिर,काष्ठमंडप प्रसिद्ध हैं। इसी के पास का बाजार शॉपिंग के लिए काफी अच्छा हैं।
8. पाटन दरबार स्क्वायर : यह ललितपुर में पड़ता हैं जो पशुपतिनाथ जी से करीब 7 किमी दूर हैं। यहाँ कृष्ण मंदिर ,गोल्डन टेम्पल ,पाटन म्यूजियम जैसी जगहें दर्शनीय हैं। बाकी खूबसूरत प्राचीन गलियां ,थीम कैफ़े ,रूफटॉप कैफ़े तो सभी दरबार स्क्वायर में हैं ही।
9. थामेल : यह टूरिस्ट एरिया हैं जहाँ कुछ रंग बिरंगी गलियां हैं। यहाँ आपको क्लब ,कैफ़े ,बार ,स्पा सेंटर जैसी चीजें मिलेगी। इधर ही ट्रैकिंग के सामान खरीदने की ,हिप्पी स्टाइल कपड़ो की ,चाय पत्ती की काफी दुकानें हैं। ध्यान रहे ,इधर मोलभाव जम कर करे।आजकल ये गलियां शाम को 7 बजे ही बंद हो रही हैं तो पहले सब पता करके ही जाये। इस एरिया को छोटा पटाया (थाईलैंड ) मान सकते हैं।
10. बौद्धनाथ स्तूप : काठमांडू शहर की गलियों के बीचोबीच बना हुआ हैं एक खूबसूरत विशाल स्तूप। जिसके आसपास की एक ही रंग की गलियां भी आपको नेपाल के प्राचीन कल्चर का फील देगी। 36 मीटर ऊँचा यह स्तूप वर्ल्ड हेरिटेज साइट की लिस्ट में शामिल हैं। यहाँ आपको बौद्ध धर्म की झलख देखने को मिलेगी ,मतलब कि रंग बिरंगे झंडे ,प्रेयर व्हील्स ,मेडिटेशन में लीन भिक्षु ,मोनस्ट्रीज आदि मिलेंगे। इस एरिया को छोटा तिब्बत कहा जाता हैं। #traveltalesbyrishabh
11. चंद्रगिरि हिल्स : यह जगह एक 2551 मीटर ऊँची पहाड़ी हैं जिसे वहां का लोकल हिल स्टेशन माना जाता हैं। यह जगह सबसे ज्यादा अपनी cable car ride और Himalayan views के लिए फेमस है। ऊपर भगवान शिव को समर्पित एक मंदिर हैं। यहाँ से आप एवेरेस्ट और अन्नपूर्णा जैसी चोटियां देख सकते हैं। यहाँ के लिए सुबह जल्दी जाना सबसे उचित है।
12. बुढ़ानिलकंठ मंदिर (Sleeping Vishnu Temple) :यहाँ भगवान विष्णु की 5 मीटर लम्बी सोई हुई अवस्था की प्रतिमा बनी हुई हैं। मतलब भगवान विष्णु यहाँ शेषनाग पर लेटी हुई मुद्रा में दिखाई देते हैं। वहां इसे जलनारायण मंदिर या शयन विष्णु मंदिर के नाम से भी जाना जाता हैं।
ये सब चीजें आपके कम से कम 3 दिन लेगी ,अगर आप आराम से घूमते हैं तो। ध्यान रहे ,जहाँ भी टिकट खरीदना होगा वहां नेपाली मुद्रा ही ली जायेगी।
इन सब जगहों के अलावा यहाँ दक्षिण काली मंदिर हैं जो शहर से 20–22 किमी दूर है।एक जगह "कोपन मठ" नाम की भी हैं जो कि शहर से बाहर थोड़ा दूर बना हुआ एक खूबसूरत बौद्ध मठ हैं।काठमांडू से 30-35 किमी दूर नगरकोट नाम की जगह हैं ,यह जगह Himalayan sunrise views के लिए फेमस है।अन्य जगहों में कुछ म्यूजियम और गार्डन्स भी हैं ,अगर आपके पास काफी समय हैं तो आप वहां पर भी जा सकते हैं।
ध्यान रहे ,
-Bagmati नदी पर आरती देखना
-मंदिर के पास शमशान घाट के पास बैठना
-थामेल की nightlife experience करना
-काठमांडू दरबार स्कवायर में बबल टी पीना
-Rooftop cafés से दरबार स्कवायर देखना
- नेशनल फ़ूड दाल भात खाना
-हेलीकाप्टर से एवरेस्ट का चक्कर लगा आना
-मोनेस्ट्री में Prayer wheels घुमाना
-Street photography करना
- भक्तपुर में लस्सी पीना
ये सभी काठमांडू के शानदार और must do एक्सपीरियंस हैं।
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-ऋषभ भरावा
March 2026
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